मार्कअप कैलकुलेटर: लागत और मार्कअप % से बिक्री मूल्य
लागत और जितना मार्कअप जोड़ते हैं वह डालें। बिक्री मूल्य, मुनाफ़ा और असली मार्जिन दिखेगा।
- आपकी भरी जानकारी कहीं सेव नहीं होती
- मुफ़्त
- साइन-अप की ज़रूरत नहीं
बिक्री मूल्य
₹700.00
- मुनाफ़ा
- ₹200.00
- दाम पर मार्जिन
- 28.57%
मार्कअप = मुनाफ़ा ÷ लागत; मार्जिन = मुनाफ़ा ÷ बिक्री मूल्य।
हल देखें
- 500.00 × (1 + 40.00 ÷ 100) = 700.00
- 200.00 ÷ 700.00 × 100 = 28.57%
कैसे इस्तेमाल करें
- चुनें कि बिक्री मूल्य निकालना है या मार्कअप।
- सामान की लागत डालें।
- मार्कअप % (या बिक्री मूल्य) डालें और नतीजा देखें।
ज़रूरी जानकारी
बिक्री मूल्य = लागत × (1 + मार्कअप ÷ 100)। मार्कअप = (दाम − लागत) ÷ लागत × 100। ₹500 के सामान पर 40% मार्कअप से दाम ₹700 बनता है।
मार्कअप और मार्जिन एक संख्या नहीं हैं। ₹700 की बिक्री पर ₹200 मुनाफ़ा लागत का 40% (मार्कअप) है पर दाम का सिर्फ़ 28.6% (मार्जिन)। भारत में कई दुकानदार और डिस्ट्रीब्यूटर लागत पर मार्कअप बोलते हैं, जबकि हिसाब-किताब और लोन मार्जिन देखते हैं।
GST से पहले के दाम पर काम करें। ध्यान रखें कि छूट बिक्री मूल्य पर लगती है, इसलिए 40% मार्कअप के बाद 30% छूट से लागत का 2% नुकसान होता है। यह प्लानिंग का अनुमान है, वित्तीय सलाह नहीं।
सवाल-जवाब
मार्कअप से बिक्री मूल्य कैसे निकालें?
लागत को 1 + मार्कअप (दशमलव में) से गुणा करें। लागत ₹500, मार्कअप 40%: 500 × 1.40 = ₹700।
क्या 50% मार्कअप और 50% मार्जिन एक हैं?
नहीं। 50% मार्कअप से 33.3% मार्जिन मिलता है। 50% मार्जिन के लिए 100% मार्कअप चाहिए।
दुकानें कितना मार्कअप रखती हैं?
बहुत अलग-अलग: किराना और फ़ोन पर कम, कपड़े, गिफ़्ट और स्पेयर पार्ट्स पर ज़्यादा। अपनी लागत और बाज़ार के दाम देखें।
क्या मार्कअप 100% से ज़्यादा हो सकता है?
हाँ। लागत के तीन गुना पर बेचना 200% मार्कअप है (66.7% मार्जिन)।
क्या इसमें GST शामिल है?
नहीं। दाम तय करने के बाद GST जोड़ें; GST कैलकुलेटर मदद करेगा।